रायपुर: राजधानी रायपुर के देवेंद्र नगर थाने में एक शातिर ठग, रवि दुबे, को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी ने एक व्यवसायिक ठेकेदार को पांच करोड़ रुपये का पर्सनल लोन दिलाने का झांसा देकर तीन लाख रुपये ठग लिए थे। रवि दुबे पिछले दो साल से फरार था।
ठगी का मामला
बिलासपुर निवासी रवि दुबे ने ठेकेदार अभय काले को व्यवसायिक कार्य के लिए पांच करोड़ रुपये का लोन दिलाने का आश्वासन दिया था। इसके बदले में उसने प्रोसेसिंग शुल्क के रूप में तीन लाख रुपये की मांग की, जिसे पीड़ित ने गणपति फाइनेंस कंपनी के बैंक खाते में आरटीजीएस के माध्यम से जमा किया।
अनुबंध और फरारी
17 जनवरी 2022 को किए गए अनुबंध के अनुसार, 15 फरवरी 2022 तक लोन की रकम देने का आश्वासन दिया गया था। अनुबंध में यह भी उल्लेख किया गया था कि लोन की रकम 25 दिनों के भीतर नहीं मिलने पर प्रोसेसिंग शुल्क तुरंत वापस किया जाएगा। समय बीतने के बाद भी रवि ने लोन की राशि नहीं दी और बहाने बनाने लगा। कुछ दिनों बाद उसने फोन उठाना भी बंद कर दिया और किराए की रकम नहीं देने के कारण कार्यालय बंद कर दिया गया।
गिरफ्तार
रवि दुबे श्री गणपति फाइनेंस कंपनी और आरएसडी अल्फा फाइनेंस कंपनी का डायरेक्टर है। 2022 में अपराध दर्ज होने के बाद से वह फरार था और दूसरे राज्यों में नाम बदलकर रह रहा था। पुलिस ने उसे दो साल बाद गिरफ्तार कर लिया है।
पीड़ित का बयान
पीड़ित ठेकेदार अभय काले ने बताया कि उन्होंने कंपनी के एक कर्मचारी के माध्यम से संपर्क किया था और अपने व्यवसायिक भागीदार जय कुमार साव के साथ फाइनेंस कंपनी के डायरेक्टर रवि दुबे से पंडरी कपड़ा मार्केट स्थित कार्यालय में मुलाकात की थी। अनुबंध के मुताबिक 25 दिनों के भीतर लोन नहीं मिलने पर उन्होंने रवि से संपर्क किया, लेकिन रवि ने बहानेबाजी शुरू कर दी और बाद में फोन उठाना भी बंद कर दिया।
इस तरह, राजधानी रायपुर की पुलिस ने एक बड़े ठगी के मामले का पर्दाफाश करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस अब आरोपी से पूछताछ कर रही है ताकि अन्य मामलों का भी खुलासा हो सके।